संवाददाता एस एस बिष्ट
देहरादून साहिया
साहिया स्थित राजकीय पालीटेक्निक संस्थान अब धीरे धीरे अभिभावकों एवं बच्चों की उम्मीद पर खरा उतरता जा रहा है। छात्रावास सुविधा से लेकर बच्चों की पढाई में सार्थक साबित होने वाली नई मशीनें, खेल मैदान तक की सुविधा मिलने लगी है।खाली पड़े शिक्षकों के महत्वपूर्ण पदों को भी भर दिऐ गये है।
पिछले पांच सालों से राजकीय पालीटेक्नि
क संस्थान साहिया में महत्वपूर्ण शिक्षकों के पद खाली चल रहे थे यही नहीं संस्थान में पढाई करने वाले छात्र छात्राओं के लिए महत्वपूर्ण मंशीने भी नहीं थी। दूर दराज से आऐ छात्रों के ठहरने तक की सुविधा नहीं थी। लेकिन अब यह तमाम सुविधाएं उपलब्ध होने से संस्थान में अध्यनरत छात्र छात्राओं के साथ ही उनके अभिभावकों ने भी राहत की सांस ली है।
बर्ष 2005 में पूर्ववर्ती कांग्रेस शासन में मुख्यमंत्री रहे स्व श्री नारायण दत्त तिवारी ने जौनसार बाबर जनजातीय क्षेत्र के हृदय स्थल साहिया में एक राजकीय पालीटेक्निक संस्थान की स्वीकृति दी। स्वीकृति मिलते ही साहिया नेवी के बीच बने संस्थान के भवन में 150 से अधिक छात्र छात्राएं मेकेनिकल इंजीनियरिंग का कोर्स प्राप्त कर रहे थे। लेकिन सुविधाएं नहीं होने के कारण इसमें अध्यनरत छात्र छात्राओं ने धीरे धीरे अपना मुंह फेर लिया। पिछले चार सालों से संस्थान में बच्चों का आंकड़ा 50 से भी नीचे आ गया। संस्थान में नये प्रधानाचार्य के आते ही संस्थान की सूरत ही बदल गई।आज छात्रावास सुविधा के साथ साथ बच्चों को खेलने के लिए मैदान,खाली पड़े महत्वपूर्ण शिक्षकों के पदों को भी भर दिया गया है। इसके साथ ही बच्चों की सुविधा ऐतु सीएनसी मशीन व कम्प्यूटर लैब नेटवर्किंग सुविधा भी संचालित करवा दी हैं

